लेखक · पत्रकार · संपादक

अनमोल दुबे

झाँसी शहर के युवा स्वच्छंद पत्रकार और सृजनात्मक लेखक अनमोल दुबे हिन्दी साहित्य, पत्रकारिता और लेखन से जुड़े हुए हैं। वे ‘BOOK वाला’ प्लेटफॉर्म के संस्थापक हैं और किताबों, लेखकों तथा हिन्दी भाषा को लेकर लगातार काम करते रहे हैं।

शब्दों के जरिए समाज, समय और संवेदनाओं को दर्ज करने की एक कोशिश।

अनमोल दुबे

मनुष्य, समाज और उसके भीतर चलने वाले संघर्षों की संवेदनशील यात्रा।

कारवाँ गुलाम रूहों का

कुछ सफर मंज़िल तक पहुँचने के लिए नहीं, खुद को समझने के लिए होते हैं। यह किताब मनुष्य के भीतर छिपी संवेदनाओं, संघर्षों और उन सवालों की यात्रा है, जो समय के साथ हमारे भीतर कहीं गहरे रह जाते हैं।

सार्थक लेखन
ऐसी कहानियाँ और रचनाएँ जो सोचने पर मजबूर करें।

 

शब्द और विचार
साहित्य, समाज और जीवन से जुड़े विचारों की दुनिया।

पाठकों से संवाद
किताबों, लेखन और विचारों के माध्यम से पाठकों से जुड़ाव।

हिन्दी और बुन्देली
भाषा, संस्कृति और अपनी मिट्टी की पहचान को आगे बढ़ाने का प्रयास।

Featured Book

बुन्देलखंड की मिट्टी

मिट्टी की खुशबू, लोकजीवन की स्मृतियाँ और बुन्देलखंड की अपनी पहचान।

बुन्देलखंड सिर्फ एक भूगोल नहीं, बल्कि मिट्टी, भाषा, लोककथाओं, परंपराओं और लोगों से बनी एक जीवंत दुनिया है। यह किताब उसी मिट्टी से जुड़े जीवन, संस्कृति और उन यादों को शब्द देने की एक कोशिश है, जो पीढ़ियों से इस धरती के साथ चलती आई हैं।

Featured Book

Our Books Collection